समस्तीपुर के नेताओं को नए मंत्रीमंडल में जगह पाने की उम्‍मीद, जानिए कौन हो सकता है पास.

जननायक कर्पूरी ठाकुर की जन्म और कर्मभूमि समस्तीपुर से तीन विधायकों को बिहार में बनाने वाली नयी सरकार के मंत्रीमंडल में शामिल किये जाने की चर्चा यहाँ जोरों पर है। दस विधानसभा वाले इस जिले में पिछली सरकार में भी दो विधायकों को महत्वपूर्ण जिम्मेवारी मिली थी। इसमें एक विजय कुमार चौधरी विधानसभा अध्यक्ष के पद पर थे, तो दूसरे महेश्वर हजारी उद्योग मंत्री की पद पर।

इस बार विजय कुमार चौधरी को विधानसभा अध्यक्ष बनाया जाएगा या फिर दूसरी कोई महत्वपूर्ण जिम्मेवारी मिलेगी यह निर्णय अभी नहीं हो पाया है, लेकिन यह तय है कि इस बार भी वे महत्वपूर्ण पद संभालेंगे। इसके अलावा कल्याणपुर के विधायक और निवर्तमान उद्योग मंत्री महेश्वर हजारी को भी महत्वपूर्ण विभाग मिलेगा। दलित राजनीति का उन्हें चेहरा भी बनाया जा सकता है। उन्हें कोई बड़ा मंत्रालय की कमान मिलने वाली है। ऐसी चर्चा समस्तीपुर में बहुत तेजी से चल रही है ।

2020 के चुनाव जीतने से पहले महेश्वर, योजना एवं विकास के अलावा उद्योग विभाग की कमान संभाल चुके हैं। नीतीश सरकार में इन विभागों को आमजन तक पहुंचाने तक भरसक प्रयास किया गया है। आमजन को इन विभाग के योजनाओं से लाभान्वित करने की हरसंभव कोशिश की गई है। अब इन अनुभव के आधार पर पार्टी कार्यकर्ता यह कयास लगा रहे हैं कि एक बार फिर इन्हें कोई बड़े विभाग की कमान मिलनी तय है।

इसके अलावा भारतीय जनता पार्टी के भी एक विधायक को मंत्रीमंडल में जगह मिल सकती है। क्योंकि पहली बार भारतीय जनता पार्टी को यहां से दो सीटें मिली है। इसमें से एक दलित समुदाय के हैं तो दूसरे सवर्ण समाज से। देखना है दोनों में से किसे यह पद हासिल होता है। हालांकि अंतिम निर्णय पार्टी के राष्ट्रीय एवं प्रदेश स्तर के नेताओं को लेना है। जो भी हो पार्टी उसे कबूल करेगी।अब देखना है कि जदयू विजय कुमार चौधरी, महेश्वर हजारी को लेकर क्या निर्णय करती है। वहीं भाजपा अपने दो विधायकों में से किसे मंत्री पद का ताज पहनाती है। यह तो आने वाले एक दिन में स्पष्ट होने की उम्मीद है।